रांची/झारखंड: झारखंड विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद हेमंत सोरेन सरकार के संभावित मंत्रियों को लेकर चर्चा तेज है। INDIA ब्लॉक के नेता भले ही खुलकर कुछ न कहें, लेकिन इशारों से संकेत मिल रहे हैं कि नए मंत्रिमंडल में अनुभव और युवा जोश का तालमेल होगा।
नए चेहरों को मिलेगा मौका
नवगठित कैबिनेट में कम से कम चार नए चेहरे शामिल होने की संभावना है। इसका कारण झामुमो और कांग्रेस के चार मंत्रियों का चुनाव हारना और राजद कोटे से सत्यानंद भोक्ता का चुनाव न लड़ना है। इस वजह से पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता, बेबी देवी, बैद्यनाथ राम, मिथिलेश ठाकुर और सत्यानंद भोक्ता की जगह नए विधायकों को मौका मिलना तय है।
अनुभव और क्षेत्रीय संतुलन का ध्यान
झामुमो, कांग्रेस और राजद सूत्रों के अनुसार नए मंत्रिमंडल में अनुभव और युवा जोश के साथ क्षेत्रीय संतुलन और महिला प्रतिनिधित्व को प्राथमिकता दी जाएगी। हेमंत सोरेन उन विधायकों को चुन सकते हैं जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में पार्टी का समर्थन किया और चुनाव में बेहतर प्रदर्शन किया।
झामुमो के संभावित मंत्री
झारखंड मुक्ति मोर्चा ने 43 सीटों पर चुनाव लड़कर 34 सीटें जीती हैं। आनुपातिक रूप से सबसे अधिक मंत्री इसी पार्टी के होंगे। सूत्रों के अनुसार, दीपक बिरुआ और हफीजुल अंसारी का मंत्री बनना लगभग तय है। इसके अलावा रामदास सोरेन, सुदिव्य कुमार सोनू, मथुरा महतो, बसंत सोरेन, लुईस मरांडी और सविता महतो में से किसी तीन को भी शामिल किया जा सकता है।
कांग्रेस से संभावित चेहरे
कांग्रेस के 16 विधायकों में से केंद्रीय नेतृत्व चार मंत्रियों का चयन करेगा। संभावित नामों में रामेश्वर उरांव, इरफान अंसारी, राधाकृष्ण किशोर, रामचंद्र सिंह, दीपिका पांडेय सिंह, प्रदीप यादव और अनूप सिंह शामिल हैं। इनमें से जातीय और क्षेत्रीय समीकरणों के आधार पर चयन होगा।
राजद का प्रतिनिधित्व
राजद के चार विधायकों में से प्रदेश अध्यक्ष संजय सिंह यादव और विधायक दल के नेता सुरेश पासवान में से किसी एक को मंत्री बनाया जा सकता है।
संतुलित मंत्रिमंडल का वादा
झामुमो प्रवक्ता मनोज पांडेय ने कहा कि नया मंत्रिमंडल सभी वर्गों और क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करेगा। यह मंत्रिमंडल जन आकांक्षाओं के अनुरूप होगा।
कांग्रेस नेतृत्व करेगा अंतिम फैसला
कांग्रेस प्रवक्ता सोनाल शांति ने कहा कि पार्टी का केंद्रीय नेतृत्व यह तय करेगा कि किन विधायकों को मंत्री बनाया जाएगा। उन्होंने संकेत दिया कि कांग्रेस से इस बार नए चेहरे भी कैबिनेट में शामिल हो सकते हैं।































