पटना: बिहार विधानसभा चुनाव में अभी समय है, लेकिन सभी दलों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। वोटरों को लुभाने के लिए नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने पहल की है। उन्होंने अगली सरकार बनने पर महिलाओं को हर महीने 2500 रुपये देने का वादा किया है। इसे ‘माई बहन मान योजना’ नाम दिया गया है। तेजस्वी ने कहा कि महागठबंधन की सरकार बनने पर महिलाओं के लिए हर महीने यह राशि दी जाएगी। हालांकि, उनके सहयोगी दल कांग्रेस को यह घोषणा पसंद नहीं आई है। कांग्रेस ने इसे लेकर कटाक्ष किया है।
सरकार बनाने की प्राथमिकता- अखिलेश सिंह
तेजस्वी यादव के इस ऐलान को राजद जमकर प्रचारित कर रहा है। अखबारों में विज्ञापन भी दिए गए हैं। लेकिन कांग्रेस इसे लेकर सहमत नहीं है। बिहार कांग्रेस अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “2500 रुपये क्या, और भी ज्यादा देना चाहिए। इसमें कोई समस्या नहीं है। लेकिन पहले सरकार तो बनानी चाहिए। अभी सरकार बनाने की लड़ाई लड़ना अधिक जरूरी है।”
कांग्रेस की नाराजगी
सूत्र बताते हैं कि कांग्रेस तेजस्वी के इस ऐलान से खुश नहीं है। चुनाव से पहले राजद और कांग्रेस के बीच खींचतान जारी है। कांग्रेस के प्रभारी सचिव शाहनवाज आलम ने स्पष्ट किया है कि लोकसभा चुनाव के स्ट्राइक रेट के आधार पर सीटों का बंटवारा होगा। वहीं, कांग्रेस विधानमंडल दल के नेता शकील अहमद खान ने कहा कि 2020 में कांग्रेस को 70 सीटें मिली थीं और इस बार इससे अधिक सीटों की मांग होगी। इससे साफ है कि कांग्रेस, राजद के दबाव में झुकने के लिए तैयार नहीं है।
आगे की रणनीति पर सवाल
राजद और कांग्रेस के बीच यह विवाद चुनावी रणनीति पर असर डाल सकता है। महागठबंधन के दोनों प्रमुख दलों के बीच मतभेद बढ़ने से सहयोग पर सवाल खड़े हो सकते हैं। दोनों दलों की कोशिश है कि अपनी शर्तों पर चुनाव लड़ा जाए, लेकिन आपसी खींचतान से यह गठबंधन कमजोर हो सकता है।
































