पटना: आरजेडी के नेता सुधाकर सिंह, जो विधायक से सांसद बने हैं, को हाल ही में धमकियाँ मिली हैं। सांसद ने कैमूर जिले के रामगढ़ थाने में इस धमकी का मामला दर्ज कराया है, लेकिन पुलिस ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। मामले की गंभीरता का पता तब चला जब सांसद सुधाकर सिंह ने थानेदार से केस की स्थिति जाननी चाही और थानेदार ने उन्हें न केवल अनदेखा किया, बल्कि उल्टा सांसद को ही फटकारा। थानेदार ने कहा कि वह सांसद-विधायकों को अपनी जेब में रखते हैं और कोई भी उन्हें चुनौती नहीं दे सकता। सुधाकर सिंह ने इस व्यवहार की शिकायत एसपी से की है।

असल में, 2 सितंबर 2024 को अभिनंदन कुमार नामक व्यक्ति ने मोबाइल नंबर 9973227473 से सांसद सुधाकर सिंह को धमकाया और गाली-गलौज की। इस संबंध में सुधाकर सिंह ने उसी दिन रामगढ़ थाना प्रभारी को एक लिखित शिकायत दी थी, लेकिन पुलिस ने मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। इसके अलावा, रामगढ़ के नरहन और लबेदहा गांवों के किसानों ने भी शिकायत की है कि थाना प्रभारी उन्हें धमका रहा है। जब सुधाकर सिंह ने थानेदार से बात की, तो थानेदार ने कहा कि वह कई सांसदों और विधायकों को अपनी जेब में रखते हैं और उनकी शिकायतों की कोई परवाह नहीं करते। उन्होंने यह भी कहा कि कोई उनका कुछ नहीं बिगाड़ सकता है।

सुधाकर सिंह ने थानेदार की टिप्पणियों को अनुचित और एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि के प्रति अपमानजनक बताया। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह बिहार पुलिस की कार्यशैली को दर्शाता है? यदि एक सांसद के साथ ऐसा व्यवहार किया जा सकता है, तो आम जनता की स्थिति क्या होगी? यह घटना लोकतांत्रिक मूल्यों का उल्लंघन करती है और पुलिस के रवैये पर सवाल उठाती है।

सुधाकर सिंह ने यह भी कहा कि यह मामला राजनीतिक हस्तक्षेप और संभावित भ्रष्टाचार की ओर संकेत करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह धमकियों से डरने वाले नहीं हैं और लोकतंत्र में जनता ही मालिक है, न कि पुलिस और थानेदार। उन्होंने एसपी को एक पत्र लिखकर थानेदार की शिकायत की है और उचित कार्रवाई की मांग की है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here